New
GS Foundation (P+M) - Delhi : 23rd March 2026, 11:30 AM GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 15th March 2026 GS Foundation (P+M) - Delhi : 23rd March 2026, 11:30 AM GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 15th March 2026

Sanskriti Mains Mission: GS Paper - 1

मुंबई, चेन्नई और कोलकाता जैसे देश के बड़े महानगरों की तुलना में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र नई दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर अधिक होने के कारणों को स्पष्ट कीजिये। दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण के निदान हेतु प्रभावी उपाय सुझाएँ। (250शब्द)

25-Nov-2020 | GS Paper - 1

Solutions:

उत्तर-प्रारूप

भूमिका (50 शब्द)

  • प्रश्न के समर्थन में वायु गुणवत्ता की स्थिति को दर्शाने वाले प्रमुख सूचकांक जैसे AQI, SAFAR आदि के अद्यतन आँकड़े प्रस्तुत कीजिये।

मुख्य भाग (150-160 शब्द)

  • दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर अधिक होने के कारणों की चर्चा करें, जैसे- अन्य महानगरों की तुलना में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र की जनसंख्या, सघन बस्ती विन्यास बनाम रेखीय विन्यास, पंजीकृत वाहनों की अधिक संख्या, , हिंटरलैंड क्षेत्र का आकार, मानसून के दौरान वायु की गति और वर्षा की मात्रा, स्थलाकृतिक भिन्नता (हिमालय का गिरिपाद क्षेत्र बनाम तटीय क्षेत्र), शीत ऋतु में वायु की गति, आस-पास के क्षेत्रों में पराली तथा बायोमास का जलाया जाना।
  • दिल्ली में वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने हेतु स्थानीय स्तर पर कुछ सुझाव प्रस्तुत करें, जैसे- भारी वाहनों के प्रवेश पर नियंत्रण लगाना, निजी वाहनों के स्थान पर सार्वजनिक वाहनों का प्रयोग करना, ऑड-ईवन फॉर्मूले को अपनाना, शीत ऋतु में निर्माणकारी गतिविधियों पर अंकुश लगाना, सड़कों पर पानी का छिड़काव करना, स्मॉग टॉवरों को लगाना आदि। साथ ही, सार्वभौमिक उपायों का भी उल्लेख करें।

निष्कर्ष (50 शब्द)

  • दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण की रोकथाम के लिये प्रभावी तंत्र की आवश्यकता पर बल देते हुए पर्यावरण एवं विकास के मध्य संतुलन स्थापित करने पर केंद्रित परामर्श के साथ निष्कर्ष लिखें।
« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR
X