Sanskriti Mains Mission: GS Paper - 1

समाज की पुरुष-प्रधानता संबंधी धारणाएँ अभी भी लैंगिक समानता की राह में बाधक बनी हुई हैं। इस स्थिति में बदलाव हेतु सरकार द्वारा किये गए प्रयासों की चर्चा करते हुए अपने सुझाव प्रस्तुत कीजिये। (200 शब्द)

19-Dec-2020 | GS Paper - 1

Solutions:

उत्तर-प्रारूप

भूमिका (50-60 शब्द)

समाज मे प्रचलित लैंगिक असमानता संबंधी विभिन्न धारणाओं एवं व्यवहारों की संक्षेप में चर्चा करें।

मुख्य भाग (150 शब्द)

  • लैंगिक असमानता को समाप्त करने तथा महिला सशक्तीकरण हेतु किये गए विभिन्न सरकारी प्रयासों,  जैसे- विशाखा दिशा-निर्देश, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ,  वन-स्टॉप सेंटर, महिला हेल्पलाइन योजना तथा महिला शक्ति केंद्र की चर्चा करें। साथ ही, भारत द्वारा लैंगिक समानता संबंधी अंतर्राष्ट्रीय पहलों (मैक्सिको कार्ययोजना, नैरोबी प्रोविडेंट तथा बीजिंग घोषणापत्र) की अभिपुष्टि का भी उल्लेख करें।
  • आर्थिक क्षेत्र में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में शुरू की गईं महिला केंद्रित कुछ योजनाओं के उदाहरण दें, जैसे- मुद्रा योजना, स्वयं सहायता समूह आदि।
  • लैंगिक असमानता को दूर करने हेतु कुछ सुझाव प्रस्तुत करें, जैसे- जेंडर बजटिंग को अपनाना, ऐसी सामाजिक तथा धार्मिक मान्यताओं का विरोध जो  लैंगिक आसमानता को बढ़ाती हैं, महिलाओं के लिये आर्थिक क्षेत्र में पर्याप्त अवसर उपलब्ध करवाना, नीति निर्माण में सहभागिता हेतु राज्य विधानमंडलों तथा संसद में स्थानों का आरक्षण।

निष्कर्ष (40-50शब्द)

लैंगिक भेदभाव को दूर करने के लिये कानूनी प्रावधानों के सख्त अनुपालन एवं सामाजिक जागरूकता अभियानों के महत्त्व को स्पष्ट करते हुए उत्तर को समाप्त करें।

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