New
GS Foundation (P+M) - Delhi : 23rd March 2026, 11:30 AM GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 15th March 2026 GS Foundation (P+M) - Delhi : 23rd March 2026, 11:30 AM GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 15th March 2026

Sanskriti Mains Mission: GS Paper - 3

रिकॉर्ड चावल और गेहूं उत्पादन के सरकारी अनुमान के बावजूद निरंतर दोहरे अंक वाली अनाज मुद्रास्फीति का बने रहना एक विसंगति को दिखाता है। मूल्यांकन करें। (250 शब्द)

06-Sep-2023 | GS Paper - 3

Approach:

 उत्तर प्रारूप-

     भूमिका- 

  • संक्षेप में चावल और गेहूं के उत्पादन के आकड़े एवं अनाज मुद्रास्फीति के आंकड़ों को दिखाते हुए अनाज मुद्रास्फीति के बारे में बताएं।

     मुख्य भाग-

  • गेहूं और चावल के उत्पादन के आकड़े बताएं,जैसे-2020-21 और 2022-23 (जुलाई-जून से कृषि वर्ष) के बीच भारत के चावल उत्पादन में 11.2 मिलियन टन, मार्च 2022 में गर्मी की लहर और मार्च 2023 में गेहूं के उत्पादन में भी कुल मिलाकर 3.2 मिलियन टन की वृद्धि।
  • अनाज मुद्रास्फीति के बारे में बताएं।
  • अनाज मुद्रास्फीति जुलाई 2022 और जुलाई 2023 के बीच 6.9% से लगभग दोगुनी होकर 13% से अधिक हो गई।
  • चार्ट बनाने का प्रयास करें।
  • अनाज मुद्रास्फीति के कारण बताएं, जैसे-कोविड सुरक्षा,NFSA,PDS, कोविड के दौरान दी जाने वाली 10 किलो अनाज को पुनः 5 किलो पर ले जाना, जिससे बाजार पर दबाव।

निष्कर्ष-

  • निर्यात पर प्रतिबंध और स्टॉकहोल्डिंग सीमा लगाने का उद्देश्य अनिवार्य रूप से अनाज की घरेलू उपलब्धता में सुधार करना और किसी भी "जमाखोरी और बेईमान सट्टेबाजी" को रोकना है। इसके अतिरिक्त अनाज मुद्रास्फीति के नियंत्रण लिए सरकार द्वारा किए जा रहे अन्य प्रयसों को अत्यंत संक्षेप में बताते हुए अपने सुझाव दें।
« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR
X