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Sanskriti Mains Mission: GS Paper - 2

विगत सात दशकों में भारतीय विदेश नीति को आकार देने वाली प्रमुख घटनाओं को चिन्हित करते हुए उन कारकों को स्पष्ट कीजिये जो इसे गतिशील और अनुक्रियाशील बनाते हैं। (250 शब्द)

07-Dec-2020 | GS Paper - 2

Solutions:

उत्तर प्रारूप

भूमिका (40-50 शब्द)

भारतीय विदेश नीति को संक्षिप्त में परिभाषित कीजिये।

मुख्य भाग (140-160 शब्द)

• भारतीय विदेश नीति को आकार देने वाली महत्त्वपूर्ण घटनाओं की संक्षिप्त चर्चा करें, जैसे- कश्मीर में पाकिस्तानी आक्रमण, भारत का चीन और पाकिस्तान के साथ युद्ध (1962, 65), बांग्लादेश की मुक्ति, सोवियत संघ का विघटन, 1991 के आर्थिक सुधार, परमाणु हथियारों का परीक्षण और 21वीं सदी के प्रारम्भिक वर्षों में यू.एस.ए. के साथ विभिन्न समझौते।
• भारतीय विदेश नीति को गतिशील और अनुक्रियाशील बनाने वाले कारकों, जैसे- राजनीतिक स्थिरता, सामाजिक-आर्थिक संतुलन बनाने वाले संवैधानिक उपबंध, सैन्य शक्ति, भारतीय डायस्पोरा, भारतीय बाज़ार का आकार आदि का उल्लेख करें।

निष्कर्ष (40-50 शब्द)

वर्तमान समय में अंतर्राष्ट्रीय सम्बंधों की बदलती प्रकृति तथा विद्यमान चुनौतियों के सम्बंध में भारतीय विदेश नीति के लिये कुछ सुझावकारी बिंदुओं को शामिल करते हुए निष्कर्ष लिखें।

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