New
GS Foundation (P+M) - Delhi : 19th Jan. 2026, 11:30 AM Spring Sale UPTO 75% + 10% Off, Valid Till : 6th Feb., 2026 GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 09th Jan. 2026, 11:00 AM Spring Sale UPTO 75% + 10% Off, Valid Till : 6th Feb., 2026 GS Foundation (P+M) - Delhi : 19th Jan. 2026, 11:30 AM GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 09th Jan. 2026, 11:00 AM

Sanskriti Mains Mission: GS Paper - 3

विश्व में कीटभक्षी पौधों के विलुप्त होने के कारणों एवं इनके महत्त्व की व्याख्या कीजिए। (शब्द 250)

06-Nov-2023 | GS Paper - 3

Approach:

उत्तर प्रारूप 

भूमिका 

  • विश्व में कीटभक्षी पौधों के विलुप्त होने के कारणों जैसे - अवैध शिकार, जलवायु परिवर्तन और निवास स्थान के विनाश आदि की चर्चा करते हुए संक्षिप्त में भूमिका लिखें

मुख्य भाग 

  • कीटभक्षी पौधों के औषधीय महत्त्व जैसे- ड्रोसेरा पौधों  से निकलने वाले एक विशेष प्रकार के दूध का प्रयोग मुहं के छालों को ठीक करने तथा कपड़ों को डाई करने में किया जाता है।
  • नेपेंथेस (Nepenthes) पौधे का प्रयोग हैजा के इलाज में तथा इससे निकलने वाले द्रव्य का उपयोग पेशाब संबंधी बीमारियों को ठीक करने एवं आँखों के ड्रॉप के रूप में किया जाता है।
  • यूट्रीकुलेरिया (Utricularia) पौधे का प्रयोग खांसी तथा घाव को ठीक करने में किया जाता है।
  • कीटभक्षी पौधों के विलुप्त होने का प्रमुख कारण प्राकृतिक और मानवजनित प्रभावों जैसे - इनकी चिकित्सकीय विशेषताओं के कारण अत्यधिक प्रयोग, जलवायु परिवर्तन और निवास स्थान का विनाश, मिट्टी में प्रयुक्त हानिकारक खाद्य तथा डिटर्जेंट, पेस्टिसाइड आदि के कारण जल प्रदूषण आदि का उल्लेख करें।

 निष्कर्ष 

  • कीटभक्षी पौधों के औषधीय महत्त्व को बताते हुए संक्षिप्त में निष्कर्ष लिखें।
« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR
X