New
Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 3rd Aug 2026, 6:00 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 18th Aug 2026, 8:00 AM English Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 6th Aug 2026 English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 15th July 2026, 8:00 AM Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 3rd Aug 2026, 6:00 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 18th Aug 2026, 8:00 AM English Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 6th Aug 2026 English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 15th July 2026, 8:00 AM

शिमेरिक एंटीजन रिसेप्टर टी-सेल (CAR-T) थेरेपी

प्रारंभिक परीक्षा – शिमेरिक एंटीजन रिसेप्टर टी-सेल (CAR-T) थेरेपी, कैंसर
मुख्य परीक्षा : सामान्य अध्ययन प्रश्नप्रत्र 3 – विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी- विकास एवं अनुप्रयोग और रोज़मर्रा के जीवन पर इसका प्रभाव

संदर्भ 

  • शिमेरिक एंटीजन रिसेप्टर टी-सेल (CAR-T) थेरेपी विश्व स्तर पर किये गए नैदानिक परीक्षणों के बाद अंतिम चरण के कैंसर रोगियों, विशेष रूप से लिम्फोसाइटिक ल्यूकेमिया से पीड़ित रोगियों के उपचार में एक सफल तथा आशाजनक परिणाम के रूप में सामने आई है।

CAR_T-cell_therapy

CAR-T सेल थेरेपी
CAR-T

  • CAR-T सेल थेरेपी का उपयोग विशिष्ट प्रकार के रक्त और लिम्फ नोड्स के कैंसर के रोगियों के लिए दूसरी या तीसरी पंक्ति के उपचार के रूप में किया जाता है।
  • चिकित्सा की यह प्रकृति कीमोथेरेपी या इम्यूनोथेरेपी के लिए आवश्यक इंजेक्टेबल या मौखिक दवाओं के बड़े पैमाने पर उत्पादन की आवश्यकता को कम करती  है। 
  • इसे कोशिका आधारित जीन थेरेपी के एक प्रकार के रूप में भी जाना जाता है क्योंकि इसमें कैंसर कोशिकाओं पर हमला करने में मदद करने के लिए टी कोशिकाओं के अंदर जीन को बदलना शामिल है। 
  • CAR-T सेल थेरेपी में, ट्यूमर पर हमला करने के लिए प्रतिरक्षा कोशिकाओं के एक घटक टी-कोशिकाओं को सक्रिय करने के लिए उन्हें प्रयोगशाला में संशोधित किया जाता है।
    • टी कोशिकाएं या टी लिम्फोसाइट्स एक प्रकार का ल्यूकोसाइट्स (श्वेत रक्त कोशिकाएं) हैं जो मानव प्रतिरक्षा प्रणाली के लिए अत्याधिक महत्वपूर्ण हैं।
  • प्रयोगशाला में टी-कोशिकाओं को संशोधित किया जाता है, जिससे ये कोशिकाएं काइमेरिक एंटीजन रिसेप्टर्स (CAR) नामक विशिष्ट प्रोटीन को व्यक्त कर सकें।
    • CAR प्रोटीन, टी-कोशिकाओं को ट्यूमर को प्रभावी ढंग से बाँधने और इसे नष्ट करने की अनुमति देता है।
  • इन संशोधित कोशिकाओं को अधिक प्रभावी ढंग से गुणा करने के लिए कंडीशनिंग के बाद रोगी के रक्त प्रवाह में वापस डाला जाता है।
  • ये कोशिकाएं कैंसर के खिलाफ रोगी की प्रतिरक्षा प्रणाली को सीधे सक्रिय करती हैं, जिससे उपचार अधिक नैदानिक ​​रूप से प्रभावी हो जाता है, इसलिए इन्हें 'जीवित औषधियां' कहा जाता है।
  • CAR टी-सेल थेरेपी को ल्यूकेमियास (श्वेत रक्त कोशिकाओं का उत्पादन करने वाली कोशिकाओं से उत्पन्न होने वाले कैंसर) और लिम्फोमास (लसीका प्रणाली से उत्पन्न होने वाले कैंसर) के लिए अनुमोदित किया गया है। 
  • यह प्रणालीगत चिकित्सा के अन्य रूपों की तुलना में उपचार को चिकित्सकीय रूप से अधिक प्रभावी बनाती है।

CAR-T सेल थेरेपी के उपयोग से जुड़ी प्रमुख चिंताएँ

  • ल्यूकेमिया और लिम्फोमा के अतिरिक्त अन्य प्रकार के कैंसर के इलाज के लिए सीएआर टी-सेल थेरेपी की प्रभावकारिता काफी कम है।
  • इससे न्यूरोलॉजिकल साइड इफेक्ट्स जैसे कि गंभीर भ्रम, दौरे आदि भी उत्पन्न हो सकते हैं।
  • CAR-T कोशिकाओं को तैयार करने की जटिलता भी इसके उपयोग के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती है।
  • CAR-T सेल थेरेपी के उपचार के लिए लागत भी बहुत अधिक है।
  • अन्य कैंसर उपचारों की तरह, CAR-T सेल थेरेपी भी गंभीर दुष्प्रभाव पैदा कर सकती है, जिसमें एंटीबॉडी-उत्पादक बी कोशिकाओं का बड़े पैमाने पर मरना शामिल है।
« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR