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हिमालयी गोरल

प्रारम्भिक परीक्षा – हिमालयी गोरल
मुख्य परीक्षा - सामान्य अध्ययन, पेपर- 3

संदर्भ

हिमालय क्षेत्र में पाई जाने वाली गोरल (वैज्ञानिक नाम नेमोरहेडस) नामक स्तनधारी वाल्मीकि टाइगर रिजर्व (VTR, बिहार) में मिली है। इसे वन प्रमंडल- एक की मानीटरिंग फुटेज में देखा गया है।

Himalayan-Goral

हिमालयन गोरल (नेमोरहेडस गोरल) :-

  • यह हिमालय की मूल निवासी बोविड प्रजाति है। 
  • इसका स्वरूप बकरी और मृग जैसा है। 
  • यह प्रजाति हिमालय में पाकिस्तान, नेपाल, भूटान, दक्षिणी तिब्बत और भारत के सिक्किम और अरुणाचल प्रदेश में पाई जाती है। 
  • इसे IUCN के रेड लिस्ट में शामिल किया गया है तथा भारतीय वन्यजीव संरक्षण अधिनियम,1972 के अनुसूची III में भी सूचीबद्ध है। 
  • भारत में इसके निवास स्थान की हानि और शिकार के कारण इसकी जनसंख्या में काफी गिरावट आ रही है।

वाल्मिकी टाइगर रिजर्व :-

Valmiki-Tiger-Reserve

  • यह रिजर्व नेपाल की सीमा से सटे बिहार के पश्चिमी चंपारण जिले के उत्तर-पश्चिमी भाग में स्थित बिहार का एकमात्र टाइगर रिजर्व है।
  • इस रिजर्व की स्थापना वर्ष1978 में वन्यजीव अभयारण्य के रूप में की गई तथा वर्ष 1990 में इसे राष्ट्रीय उद्यान का दर्जा दिया गया।
  • पश्चिमी चंपारण जिले का नाम चंपा वृक्षों के दो शब्द चम्पा और अरण्य से लिया गया है।

विशेषता 

  • यह भारत का 18वां टाइगर रिजर्व है जो लगभग 800 वर्ग किलोमीटर (310 वर्ग मील) क्षेत्र में विस्तृत है । 
  • इसे वर्ष 1994 में बाघ परियोजना के राष्ट्रीय संरक्षण कार्यक्रम में शामिल किया गया था। 
  • वर्ष 1998 के भारतीय प्राणी सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार,इस रिजर्व में 53 स्तनधारी जीव , 145 पक्षियों, 26 सरीसृप और 13 उभयचर प्रजातियां स्थित हैं।

वाल्मीकि टाइगर रिजर्व में पाए जाने वाले वन्यजीव:- 

  • इस रिजर्व में बाघ, तेंदुआ, जंगली कुत्ता, जंगली सूअर, बाइसन, भालू, मोर, तीतर, हॉर्नबिल, पहाड़ी मैना, ऊनी गर्दन सारस, अजगर, मगरमच्छ, हिरण, सांभर, नीला बैल, भौंकने हिरण, हॉग हिरण आदि पाए जाते हैं। 

वाल्मीकि टाइगर रिजर्व में संकटग्रस्त प्रजाति मौजूद

  • वर्ल्ड वाइल्डलाइफ फंड इंडिया के अनुसार वाल्मीकि टाइगर रिजर्व में 11 संकटग्रस्त प्रजातियों जैसे पीले गले वाला नेवला, जंगली बिल्ली, चौसिंगा बर्मीज अजगर सफेद कान वाला बगुला, भारतीय भेड़िया, तेंदुआ, हिमालय सेराव, कर्कस पेट वाली गिलहरी, चाइनीज पैंगोलिन, क्रैब इटिंग मैंगूज भी हैं।

वनस्पति

  • वर्ष1998 के भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण की रिपोर्ट के अनुसार, इस रिजर्व में वृक्षों की 84 प्रजातियों (उपोष्णकटिबंधीय पेड़ जैसे साल, सागवान, बांस और गन्ने), 32 झाड़ियां और 81 जड़ी बूटी और घासो की विभिन्न प्रजातियां पायी जाती हैं।

प्रारंभिक परीक्षा प्रश्न:- हिमालयी गोरल के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 

  1. यह बकरी और मृग के जैसा एक विलुप्त प्राय जीव है। 
  2. इसे IUCN खतरे की रेड सूची में शामिल किया गया है।
  3. यह प्रजाति भारत के सिक्किम और अरुणाचल प्रदेश में पाई जाती है। 

उपर्युक्त में से कितने सही हैं?

(a) केवल एक

(b) केवल दो

(c) सभी तीन

(d) कोई भी नहीं

उत्तर - (c)

मुख्य परीक्षा प्रश्न:-हिमालयी गोरल क्या है? इसके विलुप्त होने के कारणों की व्याख्या कीजिए।

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