New
Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 10th Aug 2026, 3:00 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 18th Aug 2026, 8:00 AM English Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 6th Aug 2026 English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 19th Aug 2026, 8:00 AM Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 10th Aug 2026, 3:00 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 18th Aug 2026, 8:00 AM English Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 6th Aug 2026 English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 19th Aug 2026, 8:00 AM

गोबरधन के लिए एकीकृत पंजीकरण पोर्टल

प्रारंभिक परीक्षा – एकीकृत पंजीकरण पोर्टल
मुख्य परीक्षा- सामान्य अध्ययन, पेपर-

चर्चा में क्यों

 जल शक्ति मंत्रालय के पेयजल और स्वच्छता विभाग ने भारत में संपीडीत बायो-गैस (सीबीजी) और बायोगैस संयंत्रों के पंजीकरण के लिए  गोबरधन एकीकृत पंजीकरण पोर्टल लांच किया।

gobardhan-plant

प्रमुख बिंदु 

  • पेयजल और स्वच्छता विभाग ने एकीकृत पंजीकरण पोर्टल शुरू करने की घोषणा की, जिसका उद्देश्य संपीडीत बायो-गैस (CBG) और बायोगैस संयंत्रों के पंजीकरण को सरल बनाना है। 
  • यह डिजिटल प्लेटफॉर्म उर्वरक विभाग द्वारा प्रस्तावित बाजार विकास सहायता योजना तक आसान पहुंच की सुविधा प्रदान करेगा।
  • इस एकीकृत पोर्टल पर 1,163 से अधिक बायोगैस संयंत्र और 426 CBG संयंत्र पहले ही पंजीकृत हो चुके हैं।
  • ये पंजीकृत संयंत्र अब बाजार विकास सहायता योजना के तहत समर्थन के लिए पात्र हैं।
  • अपडेटेड दिशानिर्देशों के तहत CBG और बायोगैस संयंत्र किण्वित कार्बनिक खाद, तरल किण्वित कार्बनिक खाद, और फॉस्फेट रिच कार्बनिक खाद की बिक्री के लिए 1500 रुपये प्रति मीट्रिक टन (एमटी) की एमडीए सहायता प्राप्त कर सकते हैं।
  • ये पंजीकृत संयंत्र  रसायन और उर्वरक मंत्रालय के उर्वरक विभाग की बाजार विकास सहायता (एमडीए) योजना के तहत सहायता के लिए पात्र हैं।
  • बायोगैस और सीबीजी संयंत्रों से उत्पादित जैविक उर्वरकों की बिक्री के लिए वित्तीय प्रोत्साहन की पेशकश करके, इस पहल का उद्देश्य इन मूल्यवान संसाधनों को अधिक से अधिक अपनाने और उपयोग को प्रोत्साहित करना है।
  • गोबरधन पहल का उद्देश्य पशुओं के गोबर, कृषि अवशेष, बायोमास सहित बायोडिग्रेडेबल और जैविक अपशिष्ट स्रोतों को उच्च मूल्य वाले संसाधनों में बदलना है।
  • इसमें बायोगैस, सीबीजी और जैविक खाद का उत्पादन शामिल है, जो एक टिकाऊ और पर्यावरण-अनुकूल भविष्य में योगदान देता है।
  • उर्वरक विभाग द्वारा शुरू की गई बाजार विकास सहायता (एमडीए) योजना का उद्देश्य गोबरधन संयंत्रो से उत्पन्न जैविक उर्वरकों के उत्पादन और अपनाने को बढ़ावा देना है।
  • इसका उद्देश्य टिकाऊ/जैविक कृषि पद्धतियों को प्रोत्साहित करना, रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम करना और कृषि में जैव-घोल के उपयोग को बढ़ावा देना है।
  • गोबरधन पहल एक बहु-मंत्रालयी प्रयास है, जिसका उद्देश्य मवेशियों के गोबर, कृषि अवशेष और बायोमास सहित जैविक कचरे को बायोगैस, सीबीजी और जैविक खाद जैसे मूल्यवान संसाधनों में बदलना है।

प्रश्न:  निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए 

  1. जल शक्ति मंत्रालय के पेयजल और स्वच्छता विभाग  ने  भारत में  संपीडीत बायो-गैस और बायोगैस संयंत्रों के पंजीकरण के  लिए गोबरधन एकीकृत पंजीकरण पोर्टल लांच किया।
  2. गोबरधन पहल का उद्देश्य पशुओं के गोबर, कृषि अवशेष, बायोमास सहित बायोडिग्रेडेबल और जैविक अपशिष्ट स्रोतों को उच्च मूल्य वाले संसाधनों में बदलना है।

उपर्युक्त में से कितने कथन सही हैं ?

 (a) केवल 1  

 (b) केवल 2  

 (c) कथन 1 और 2 

 (d) न तो 1 ना ही 2 

उत्तर: (c)

स्रोत: पीआईबी

« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR