New
Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 8th June 2026, 6:30 AM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 1st June 2026, 5:30 PM English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 7th June 2026, 8:00 AM Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 8th June 2026, 6:30 AM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 1st June 2026, 5:30 PM English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 7th June 2026, 8:00 AM

अमित शाह ने झारखंड के रांची में 27वीं पूर्वी क्षेत्रीय परिषद बैठक की अध्यक्षता की

चर्चा में क्यों?

  • केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने झारखंड की राजधानी रांची में पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की 27वीं बैठक की अध्यक्षता की।
  • यह बैठक दो वर्षों के अंतराल के बाद आयोजित की गई, जबकि पिछली यानी 26वीं बैठक 10 दिसंबर 2023 को पटना, बिहार में हुई थी।
  • पूर्वी क्षेत्रीय परिषद एक ऐसा मंच है, जहाँ केंद्र सरकार और क्षेत्र के राज्य/केंद्र शासित प्रदेश साझा हितों के मुद्दों पर चर्चा करते हैं।
  • इस बैठक में लगभग 20 विषयों पर विस्तार से विचार-विमर्श हुआ।
  • पूर्वी क्षेत्रीय परिषद में झारखंड, बिहार, ओडिशा और पश्चिम बंगाल राज्य शामिल हैं।

प्रतिनिधिमंडल एवं प्रतिभागी:

  • झारखंड का प्रतिनिधित्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया।
  • ओडिशा की ओर से मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी और उपमुख्यमंत्री पार्वती परिदा उपस्थित रहे।
  • बिहार की ओर से दोनों उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा और सम्राट चौधरी ने भाग लिया।
  • पश्चिम बंगाल का प्रतिनिधित्व राज्य मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने किया।
  • बैठक में केंद्र और राज्यों के वरिष्ठ नौकरशाहों ने भी भाग लिया।
  • प्रमुख अधिकारियों में केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन, सदस्य राज्यों के मुख्य सचिव, अंतर-राज्य परिषद सचिवालय के सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे।

भारत में क्षेत्रीय परिषद:

  • क्षेत्रीय परिषदों का प्रस्ताव पंडित जवाहरलाल नेहरू द्वारा वर्ष 1956 में रखा गया था।
  • राज्य पुनर्गठन अधिनियम, 1956 के तहत भारत में पांच क्षेत्रीय परिषदों की स्थापना की गई थी।
  • बाद में पूर्वोत्तर परिषद अधिनियम, 1971 के अंतर्गत पूर्वोत्तर राज्यों के लिए एक अलग क्षेत्रीय परिषद की स्थापना की गई।
  • स्थापना का उद्देश्य
    • क्षेत्रीय परिषदों का प्रमुख उद्देश्य राष्ट्रीय एकता को सुदृढ़ करना था।
    • इनका उद्देश्य राज्यीय पहचान, क्षेत्रवाद, भाषावाद और पृथकतावादी प्रवृत्तियों को रोकना भी था।
  • इस प्रकार वर्तमान में भारत में कुल छह क्षेत्रीय परिषदें कार्यरत हैं।
    • भारत की क्षेत्रीय परिषदें और उनके सदस्य राज्य
    • उत्तर क्षेत्रीय परिषद में हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, दिल्ली, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और चंडीगढ़ शामिल हैं।
    • मध्य क्षेत्रीय परिषद में उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड और मध्य प्रदेश राज्य आते हैं।
    • पूर्वी क्षेत्रीय परिषद में पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड, उड़ीसा (ओडिशा) और सिक्किम शामिल हैं।
    • पश्चिमी क्षेत्रीय परिषद में गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा और केंद्र शासित प्रदेश दमन एवं दीव तथा दादरा और नगर हवेली शामिल हैं।
    • दक्षिणी क्षेत्रीय परिषद में आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी केंद्र शासित प्रदेश शामिल हैं।
    • पूर्वोत्तर परिषद में मणिपुर, असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, मिजोरम, सिक्किम, नागालैंड और त्रिपुरा राज्य शामिल हैं।
  • सभी क्षेत्रीय परिषदों की अध्यक्षता भारत के केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा की जाती है।
  • ये परिषदें सलाहकार निकाय होती हैं और इनकी सिफारिशें सरकार पर बाध्यकारी नहीं होती हैं।

क्षेत्रीय परिषदों के अध्यक्ष और स्वरूप

  • सभी क्षेत्रीय परिषदों की अध्यक्षता भारत के केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा की जाती है।
  • ये परिषदें सलाहकार निकाय होती हैं और इनकी सिफारिशें सरकार पर बाध्यकारी नहीं होती हैं। 

प्रश्न.  हाल ही में पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की 27वीं बैठक किस स्थान पर आयोजित की गई?

(a) पटना

(b) भुवनेश्वर

(c) रांची 

(d) कोलकाता

« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR