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डायसन स्फीयर

(प्रारंभिक परीक्षा: विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी)

मई 2024 में अंतरिक्ष वैज्ञानिकों ने ब्रह्मांड में ‘डायसन स्फीयर’ (Dyson Sphere) के संकेतों की खोज प्रारंभ की। 

डायसन स्फीयर की खोज से संबंधित प्रमुख बिंदु 

  • इसके लिए पृथ्वी से 1,000 प्रकाश वर्ष के भीतर 5 मिलियन तारों को स्कैन किया गया। 
  • इस डाटा का विश्लेषण करने के बाद सात तारे ऐसे मिले हैं, जिनसे होने वाले अवरक्त विकिरण (Infrared Radiation) को समझाने में वैज्ञानिक असमर्थ रहे।

DYSON

डायसन स्फीयर के बारे में  

  • डायसन स्फीयर एक काल्पनिक मेगास्ट्रक्चर है जो किसी तारे के चारों ओर उस तारे की ऊर्जा का उपयोग करने के लिए निर्मित होता है।
  • मूल विचार यह है कि एक तारे के चारों ओर एक ऐसी संरचना का निर्माण किया जाता है जो तारे की विकिरण ऊर्जा (Radioactive Energy) को परिवर्तित, संग्रहीत या अन्य तरीके से उपयोग करती है।
  • डायसन स्फीयर का नामकरण सैद्धांतिक भौतिक विज्ञानी फ्रीमैन डायसन (1923-2020) के नाम पर किया गया है, जिन्होंने इसके अस्तित्व की परिकल्पना की थी।

फ्रीमैन डायसन की परिकल्पना 

  • फ्रीमैन डायसन के अनुसार, तकनीकी रूप से उन्नत सभ्यताओं को ऊर्जा की इतनी अधिक मांग होगी कि उन्हें एक तारे की पूरी विकिरण शक्ति (ऊर्जा) का उपयोग करना होगा। इसके लिए उन्हें एक तारे के चारों ओर एक गोले में व्यवस्थित सौर ऊर्जा संग्राहकों का उपयोग करना होगा।
  • खगोलशास्त्री इसे अंतरिक्ष में बुद्धिमत्ता पूर्ण जीवन के अप्रत्यक्ष संकेत के रूप में देख सकते हैं, विशेषकर ऐसे जीवन के लिए जो ऐसी विशाल संरचनाओं का निर्माण करने में सक्षम हों।
  • कई वैज्ञानिकों ने डायसन क्षेत्र अवधारणा पर एक्स्ट्राटेरेस्ट्रियल इंटेलिजेंस (SETI) अनुसंधान के भाग के रूप में पुनर्विचार किया है।
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