New
Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 8th June 2026, 6:30 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 1st June 2026, 5:30 PM English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 7th June 2026, 8:00 AM Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 8th June 2026, 6:30 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 1st June 2026, 5:30 PM English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 7th June 2026, 8:00 AM

अधिसूचित बीमारी

संदर्भ

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने राज्यों से सांप के काटने (Snake Bite) को अधिसूचित रोग बनाने का आग्रह किया है।  

किस प्रकार की बीमारियों को अधिसूचना योग्य माना जाता है?

  • अधिसूचना योग्य या अधिसूचित रोग, ऐसे रोग होते हैं जिसके बारे में निजी और सार्वजनिक दोनों अस्पतालों द्वारा सरकार को सूचित करना कानूनी रूप से आवश्यक है।
  • आमतौर पर, जिन संक्रमणों से प्रकोप फैलने की संभावना होती है, जिनसे मृत्यु हो सकती है तथा जिनके लिए उचित सार्वजनिक स्वास्थ्य उपाय करने के लिए शीघ्र जांच की आवश्यकता होती है, उन्हें अधिसूचित रोग घोषित किया जाता है।
  • यद्यपि अधिसूचना योग्य रोगों की सूची राज्य दर राज्य अलग-अलग है। अधिसूचना जारी करने का काम राज्य सरकारें करती हैं किंतु अधिकांश राज्य तपेदिक, एच.आई.वी., हैजा, मलेरिया, डेंगू व हेपेटाइटिस जैसे संक्रमणों को अधिसूचना योग्य मानते हैं।

सर्पदंश को अधिसूचित बीमारी घोषित करने की आवश्यकता 

  • वर्ष 2020 इंडियन मिलियन डेथ स्टडी के अनुसार, प्रतिवर्ष सांप के काटने के लगभग तीन से चार मिलियन मामले सामने आते हैं और अनुमान है कि प्रत्येक वर्ष इसके कारण 58,000 लोगों की मौत होती है। यह स्टडी भारत में अकाल मौत के कारणों की जांच करने वाला एक बड़ा अध्ययन है।
  • सर्पदंश की समस्या से निपटने के लिए भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने संबंधित मंत्रालयों और हितधारकों के परामर्श से ‘वर्ष 2030 तक भारत में सर्पदंश से होने वाले विष के रोकथाम एवं नियंत्रण के लिए राष्ट्रीय कार्य योजना (NAPSE)’ शुरू की है।
    • इस कार्ययोजना का उद्देश्य वर्ष 2030 तक सर्पदंश से होने वाली मौतों को आधा करना है।
« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR