हाल ही में, वाणिज्य एवं उद्योग तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री ने नए आधार ऐप को राष्ट्र को समर्पित किया है जो जनहित में पहचान सत्यापन के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
आधार ऐप के बारे में
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) द्वारा विकसित आधार ऐप अगली पीढ़ी का एक मोबाइल एप्लिकेशन है जिसे आधार संख्या धारकों (ANH) को अपनी डिजिटल पहचान को सुरक्षित, सुविधाजनक व गोपनीय तरीके से ले जाने, साझा करने, दिखाने एवं सत्यापित करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।
अनुप्रयोग
- उपयोगकर्ताओं के एक पूरे वर्ग के लिए सुगम उपयोग को ध्यान में रखते हुए डिज़ाइन किया गया आधार ऐप कई तरह के वास्तविक जीवन के उपयोगों में मदद करता है।
- ऑफलाइन वेरिफिकेशन सीकिंग एंटिटी (OVSE) के क्यूआर कोड स्कैनिंग के ज़रिए होटल में चेक-इन
- वैकल्पिक चेहरे के सत्यापन
- सिनेमा टिकट बुकिंग के लिए आयु सत्यापन
- आगंतुकों और परिचारकों के लिए अस्पताल में प्रवेश
- गिग वर्कर्स और सेवा भागीदारों के सत्यापन
अन्य विशेषताएँ
- इस ऐप में उपस्थिति प्रमाण के लिए चेहरे की पुष्टि, एक क्लिक में बायोमेट्रिक लॉक/अनलॉक, प्रमाणीकरण इतिहास देखना और संपर्क विवरण आसानी से साझा करने के लिए क्यूआर-कोड आधारित संपर्क कार्ड जैसी आधुनिक सुविधाएँ भी शामिल हैं।
- यह एक ही डिवाइस पर अधिकतम पांच आधार प्रोफाइल के प्रबंधन की अनुमति देता है जिससे ‘एक परिवार-एक ऐप’ की अवधारणा साकार होती है। पते के अपडेट के अलावा निवासी अब ऐप के माध्यम से अपना पंजीकृत मोबाइल नंबर भी अपडेट कर सकते हैं और भविष्य में इसमें अन्य भी अपडेट सेवाएँ शुरू करने की योजना है।
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) के बारे में
- भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत 12 जुलाई, 2016 को स्थापित एक वैधानिक प्राधिकरण है जो भारत के निवासियों को ‘आधार’ (12-अंकीय विशिष्ट पहचान संख्या) जारी करता है।
- इसका मुख्य उद्देश्य फर्जी पहचानों को रोकना और आधार नामांकन, अद्यतन (Update) व प्रमाणीकरण को प्रबंधित करना है।