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NHAI ने फास्टैग वार्षिक पास लॉन्च किया

चर्चा में क्यों ?

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने 79 वें स्वतंत्रता दिवस पर 1,150 टोल प्लाजा पर "फास्टैग वार्षिक पास" सुविधा शुरू की। 

वार्षिक पास की प्रमुख विशेषताएं

फास्टैग वार्षिक पास योजना की सबसे बड़ी विशेषता इसका एकमुश्त शुल्क भुगतान है।

  • उपयोगकर्ता को केवल ₹3,000 का भुगतान करना होता है।
  • पास की वैधता एक वर्ष तक या 200 टोल प्लाज़ा क्रॉसिंग तक रहती है, इनमें से जो भी पहले पूरा होगा।
  • यह सुविधा केवल गैर-व्यावसायिक वाहनों के लिए उपलब्ध है।
  • पास का लाभ लेने के लिए वाहन पर वैध फास्टैग पहले से लगा होना अनिवार्य है।

यात्रियों के लिए लाभ

  • उन्हें हर बार यात्रा से पहले रिचार्ज कराने की आवश्यकता नहीं होगी।
  • टोल प्लाज़ा पर बिना रुके और तेज़ी से यात्रा संभव होगी।
  • नकद भुगतान की आवश्यकता समाप्त होने से समय और ऊर्जा की बचत होगी।
  • लंबी दूरी के यात्रियों के लिए यह एक आर्थिक रूप से लाभकारी विकल्प सिद्ध होगा।
  • जाम और भीड़भाड़ की समस्या में कमी आएगी।

सरकार और NHAI के लिए लाभ

  • टोल वसूली प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी होगी।
  • नकद लेन-देन घटने से भ्रष्टाचार की संभावना कम होगी।
  • राजस्व वसूली की दक्षता बढ़ेगी और प्रशासनिक प्रबंधन सरल होगा।
  • यह योजना सरकार की डिजिटल इंडिया पहल और ग्रीन मोबिलिटी मिशन को मजबूती प्रदान करती है।

फास्टैग (FASTag):

  • भारत सरकार द्वारा शुरू की गई एक इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन प्रणाली है, जिसे राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) संचालित करता है। 
  • इसका उद्देश्य टोल प्लाज़ा पर लगने वाले ट्रैफिक जाम को कम करना और नकद लेन-देन की जगह डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देना है।

फास्टैग की प्रमुख बातें :

  • परिभाषा – FASTag एक रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) आधारित टैग है जिसे वाहन की विंडस्क्रीन पर चिपकाया जाता है। यह टैग टोल प्लाज़ा पर लगे सेंसर से संपर्क करके सीधे जुड़े बैंक खाते या प्रीपेड वॉलेट से टोल राशि काट देता है।
  • शुरुआत – फास्टैग प्रणाली को 2014 में परीक्षण रूप से शुरू किया गया था और 15 दिसंबर 2019 से इसे सभी वाहनों के लिए अनिवार्य कर दिया गया।
  • कहां से खरीदा जा सकता है – FASTag को विभिन्न बैंकों (जैसे SBI, HDFC, ICICI, Paytm Payments Bank आदि), NHAI टोल प्लाज़ा, और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स से खरीदा जा सकता है।
  • कैसे काम करता है
    • वाहन के विंडस्क्रीन पर फास्टैग चिपकाने के बाद
    • टोल प्लाज़ा पर लगे RFID रीडर टैग को स्कैन करता है।
    • सिस्टम स्वतः टोल राशि काट लेता है और गाड़ी बिना रुके आगे बढ़ जाती है।
    • SMS के जरिए भुगतान की जानकारी वाहन मालिक को मिलती है।

प्रश्न. हाल ही में शुरू किए गए फास्टैग वार्षिक पास के लिए उपयोगकर्ता को कितना एकमुश्त शुल्क देना होगा ?

(a) ₹2,000

(b) ₹2,500

(c) ₹3,000

(d) ₹5,000

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