पेंशन फंड नियामक एवं विकास प्राधिकरण (PFRDA) ने हाल ही में पायलट आधार पर एनपीएस स्वास्थ्य पेंशन योजना (NSPS) की शुरुआत की है। यह पहल राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली के अंतर्गत स्वास्थ्य से जुड़े वित्तीय जोखिमों को संबोधित करने की दिशा में एक नया प्रयोग है।
एनपीएस स्वास्थ्य पेंशन योजना (NSPS) के बारे में
- यह योजना PFRDA के रेगुलेटरी सैंडबॉक्स फ्रेमवर्क के अंतर्गत प्रूफ ऑफ कॉन्सेप्ट (PoC) के रूप में शुरू की गई है।
- इसका उद्देश्य मौजूदा राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) के ढांचे में स्वास्थ्य संबंधी वित्तीय सुरक्षा को एकीकृत करना है।
- यह योजना बाह्य रोगी (OPD) और आंतरिक रोगी (IPD) उपचार से जुड़े चिकित्सा खर्चों के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने के लिए डिजाइन की गई है।
- यह योजना NPS के बहु-योजना ढांचे (Multi Scheme Framework: MSF) के अंतर्गत एक क्षेत्र-विशिष्ट अंशदायी पेंशन योजना के रूप में कार्य करेगी और इसे भारतीय नागरिकों के लिए स्वैच्छिक आधार पर उपलब्ध कराया जाएगा।
- इस योजना को संबंधित पेंशन फंड द्वारा PFRDA से पूर्व स्वीकृति प्राप्त करने के बाद लॉन्च किया जाएगा। चूंकि इसे पायलट परियोजना के रूप में लागू किया जा रहा है इसलिए PoC चरण के दौरान सीमित संख्या में ग्राहकों को ही इसमें शामिल किया जाएगा।
- इस पायलट परियोजना के क्रियान्वयन को सुगम बनाने के लिए PFRDA (NPS के अंतर्गत निकास एवं निकासी) विनियम, 2015 के कुछ प्रावधानों में शिथिलता प्रदान की गई है।
- इसके अतिरिक्त पेंशन फंड इस योजना के संचालन के लिए फिनटेक कंपनियों और स्वास्थ्य सेवा प्रशासकों के साथ साझेदारी भी कर सकते हैं।
योजना की प्रमुख विशेषताएँ
- इस योजना में कोई भी भारतीय नागरिक शामिल हो सकता है, बशर्ते उसके पास NPS के अंतर्गत एक कॉमन स्कीम खाता हो।
- ग्राहक, गैर-सरकारी क्षेत्र के लिए लागू मौजूदा NPS दिशानिर्देशों के अनुरूप, अपनी पसंद की कोई भी राशि योगदान के रूप में जमा कर सकते हैं।
- 40 वर्ष से अधिक आयु के ग्राहक (सरकारी क्षेत्र के ग्राहकों को छोड़कर) अपने कॉमन स्कीम खाते से स्वास्थ्य पेंशन योजना में अपने अंशदान का अधिकतम 30% स्थानांतरित कर सकते हैं।
- ग्राहक को अपने स्वयं के अंशदान के 25% तक की आंशिक निकासी चिकित्सा व्यय के लिए करने की अनुमति होगी। ऐसी निकासी की संख्या पर कोई सीमा नहीं होगी, बशर्ते कि न्यूनतम संचित कोष ₹50,000 बना रहे।
- गंभीर बीमारियों के मामलों में, जहाँ चिकित्सा खर्च उपलब्ध कोष के 70% से अधिक हो जाता है, ग्राहक 100% समयपूर्व निकासी का विकल्प भी चुन सकते हैं।
दावा निपटान और सुरक्षा प्रावधान
- इस योजना के अंतर्गत निकाली गई राशि का भुगतान वैध दावों और सहायक दस्तावेजों के आधार पर सीधे स्वास्थ्य लाभ प्रशासक (HBA), तृतीय पक्ष प्रशासक (TPA) अथवा संबंधित अस्पताल को किया जाएगा।
- चिकित्सा व्यय के निपटान के पश्चात यदि कोई राशि शेष रहती है तो उसे ग्राहक के कॉमन स्कीम खाते में पुनः जमा कर दिया जाएगा।