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Solved - UPSC Prelims 2026 (Paper - 1 & 2) Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 8th June 2026, 6:30 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 1st June 2026, 5:30 PM English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 7th June 2026, 8:00 AM Solved - UPSC Prelims 2026 (Paper - 1 & 2) Hindi Medium: (Delhi) - GS Foundation (P+M) : 8th June 2026, 6:30 PM Hindi Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 1st June 2026, 5:30 PM English Medium: (Prayagraj) - GS Foundation (P+M) : 7th June 2026, 8:00 AM

ऑनलाइन सामग्री को ब्लॉक करने संबंधी मुद्दे

(मुख्य परीक्षा, सामान्य अध्ययन प्रश्नप्रत्र- 3: सूचना प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष, कंप्यूटर, रोबोटिक्स, नैनो-टैक्नोलॉजी, बायो-टैक्नोलॉजी एवं बौद्धिक संपदा अधिकारों से संबंधित विषयों के संबंध में जागरुकता)

संदर्भ

सर्वोच्च न्यायालय ने केंद्र सरकार से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सामग्री अपलोड करने वाले उपयोगकर्ताओं को पूर्व सूचना या निष्पक्ष सुनवाई के बिना ब्लॉक करने के उनके अधिकारों पर जवाब माँगा है। 

हालिया वाद 

  • न्यायमूर्ति बी.आर. गवई की अध्यक्षता वाली पीठ ने सॉफ्टवेयर फ्रीडम लॉ सेंटर द्वारा दायर एक रिट याचिका पर केंद्र सरकार तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना मंत्रालय को नोटिस जारी किया। 
  • इस याचिका में सूचना प्रौद्योगिकी (जनता द्वारा सूचना तक पहुँच को अवरुद्ध करने की प्रक्रिया एवं सुरक्षा उपाय) नियम, 2009 के प्रावधानों को चुनौती दी गई है।
  • याचिकाकर्ता के अनुसार, नियम 9 का उपयोगकर्ता सामग्री को ब्लॉक करने के लिए आपातकालीन प्रावधान के रूप में मनमाने ढंग से इस्तेमाल किया जाता है। 
    • पूर्व सूचना, तर्कपूर्ण आदेश, शिकायतों के समाधान करने की प्रक्रिया, यहाँ तक ​​कि सुनवाई का अवसर न मिलने से ऑनलाइन सामग्री के क्रिएटर को कानूनी सहायता भी नहीं मिल पाती है।
  • याचिकाकर्ता ने तर्क दिया कि नोटिस दिए जाने एवं निष्पक्ष सुनवाई का अधिकार अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अभिन्न अंग है।
    • नियम 16 सूचना ब्लॉक करने के अनुरोधों, शिकायतों एवं सूचनाओं को ब्लॉक करने के लिए की गई कार्रवाई के संबंध में सरकार को गोपनीयता की सुविधा प्रदान करता है। 
    • ऐसे में याचिकाकर्ता द्वारा नियम 16 ​​को असंवैधानिक करार घोषित करते हुए इसे रद्द करने की मांग की गई है।

सूचना प्रौद्योगिकी (जनता द्वारा सूचना तक पहुँच को अवरुद्ध करने की प्रक्रिया एवं सुरक्षा उपाय) नियम, 2009

  • सूचना प्रौद्योगिकी के नियम 8 व 9 सरकार के लिए ऑनलाइन सामग्री के मूल क्रिएटर को प्रस्तावित कार्रवाई के बारे में सूचित करना वैकल्पिक बनाते हैं। 
    • वास्तव में नियम 9 सरकार को ऑनलाइन सामग्री के क्रिएटर को बिना सूचना दिए आपातकालीन प्रकृति के मामलों में सामग्री को ब्लॉक करने की अनुमति देता है। 
  • नियम 8 एवं 9 नामित व्यक्ति को प्रस्तावित अवरोध कार्रवाई की सूचना संबंधित मध्यस्थ या मूल क्रिएटर को जारी करने का अधिकार देती है। ऐसे में नोटिस वस्तुतः मध्यस्थ को ही जाता है।
    • ऐसे में नियम 8 व 9 में उल्लेखित ‘या’ शब्द को ‘और’ शब्द से प्रतिस्थापित किया जाना चाहिए ताकि क्रिएटर एवं मध्यस्थ दोनों को सामग्री को ब्लॉक किए जाने संबंधी नोटिस मिल सके।
  • ब्लॉक करने की कार्रवाई के संबंध में मध्यस्थ को अधिसूचित किया जाता है किंतु उसके पास मूल क्रिएटर का प्रतिनिधित्व करने या उनकी ओर से बचाव प्रदान करने का कोई दायित्व नहीं है। 
    • ऐसे में मध्यस्थ को पूर्व सूचना देने से सामग्री क्रिएटर के अधिकारों की रक्षा नहीं होती है।  
  • ऑनलाइन मध्यस्थों को सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 79 (एक मध्यस्थ किसी तीसरे पक्ष की जानकारी के लिए उत्तरदायी नहीं होगा) के तहत संरक्षित किया जाता है।
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