ब्रह्मांड में मैटर-एंटी-मैटर विषमता

(मुख्य परीक्षा, सामान्य अध्ययन प्रश्नपत्र- 3: सूचना प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष, कंप्यूटर, रोबोटिक्स, नैनो-टैक्नोलॉजी, बायो-टैक्नोलॉजी और बौद्धिक संपदा अधिकारों से संबंधित विषयों के संबंध में जागरुकता)

संदर्भ 

16 जुलाई, 2025 को यूरोपीय वैज्ञानिकों ने बैरियन और उनके एंटी-मैटर समकक्षों के बीच क्षय दर में अंतर के प्रथम अवलोकन की सूचना दी। यह खोज इस रहस्य को सुलझाने में मदद कर सकती है कि ब्रह्मांड पदार्थ (Matter) से बना है, एंटीमैटर से नहीं।

ब्रह्मांड के निर्माण के संबंध में मत 

  • बिग बैंग सिद्धांत के अनुसार, ब्रह्मांड की शुरुआत 13.8 अरब वर्ष पहले पदार्थ (Matter) एवं एंटीमैटर की समान मात्रा के साथ हुई थी किंतु वर्तमान ब्रह्मांड में पदार्थ का प्रभुत्व है, जबकि एंटीमैटर लगभग अनुपस्थित है।
  • यह विषमता मौजूदा भौतिकी को चुनौती देती है और ब्रह्मांड विज्ञान में एक बड़ी अनसुलझी समस्या है।

क्या हैं बैरियन 

बैरियन तीन क्वार्क से बने उपपरमाण्विक कण हैं। प्रोटॉन एवं न्यूट्रॉन (परमाणु नाभिक के घटक) सबसे सामान्य (परिचित) बैरियन हैं।

हालिया शोध 

  • शोध के अनुसार पहली बार, बैरियन एवं प्रति-बैरियन अलग-अलग दरों पर क्षय होते पाए गए।
  • यह आवेश-समता (Charge-Parity: CP) उल्लंघन का संकेत है जहाँ भौतिकी के नियम पदार्थ एवं एंटीमैटर के बीच थोड़े भिन्न होते हैं।
    • सी.पी. उल्लंघन उन प्रक्रियाओं को संदर्भित करता है जहाँ कणों व उनके प्रतिकणों का व्यवहार विचलित हो जाता है, जिससे उनकी परस्पर क्रियाओं में अपेक्षित समरूपता का उल्लंघन होता है।

CP उल्लंघन का महत्त्व

  • मैटर-एंटीमैटर असंतुलन की व्याख्या करने के लिए CP उल्लंघन आवश्यक है।
  • इसे पहले मेसॉन कण में देखा गया था किंतु मैटर के वर्तमान प्रभुत्व की व्याख्या करने के लिए वह पर्याप्त नहीं था।
  • इसे बैरियन में देखने से इस पहेली को सुलझाने की नई संभावनाएँ खुलती हैं।

निहितार्थ

  • यह प्रारंभिक ब्रह्मांड गतिकी की समझ को आगे बढ़ा सकता है।
  • यह मानक मॉडल से परे नई भौतिकी की ओर ले जा सकता है।
  • कण भौतिकी और ब्रह्मांड विज्ञान में मौलिक अनुसंधान के लिए महत्वपूर्ण है।
« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT