New
Civil Services Day Offer - Valid Till : 23rd April GS Foundation (P+M) - Delhi : 4th May 2026, 11:30 AM GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 4th May 2026, 5:30PM Civil Services Day Offer - Valid Till : 23rd April GS Foundation (P+M) - Delhi : 4th May 2026, 11:30 AM GS Foundation (P+M) - Prayagraj : 4th May 2026, 5:30PM

चावल के नए जीन की खोज 

(मुख्य परीक्षा, सामान्य अध्ययन प्रश्नपत्र- 3: विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी- विकास व अनुप्रयोग और रोज़मर्रा के जीवन पर इसका प्रभाव)

चर्चा में क्यों 

भारतीय वैज्ञानिकों ने चावल की पिसाई के दौरान अनाज की टूटन को कम करने वाले एक जीन की पहचान की है। यह खोज द प्लांट सेल जर्नल में प्रकाशित हुई है।

मुख्य निष्कर्ष

  • पहचाना गया जीन अनाज की चाक जैसी बनावट (अनाज के अंदर सफेद अपारदर्शी क्षेत्र) को नियंत्रित करता है।
  • चाक जैसी बनावट चावल के दानों को कमजोर बनाती है, जिससे पिसाई के दौरान उनके टूटने की संभावना बढ़ जाती है।
  • वैज्ञानिकों ने जीन की पहचान और सत्यापन के लिए जीनोमिक विश्लेषण एवं प्रजनन तकनीकों का उपयोग किया।

महत्त्व

  • कटाई के बाद होने वाले नुकसान में कमी: अनाज के टूटने के कारण भारत में चावल की उपज का मूल्य सालाना लगभग 10-20% कम हो जाता है।
  • साबुत चावल के दानों को बेहतर बाजार मूल्य मिलता है जिसके परिणामस्वरूप किसानों की आय में वृद्धि होती है।
  • अनाज की बेहतर गुणवत्ता से उपभोक्ताओं को लाभ होगा।
  • दुनिया के दूसरे सबसे बड़े चावल उत्पादक देश में चावल की आपूर्ति शृंखला की दक्षता को मजबूत करने के साथ ही खाद्य सुरक्षा को मजबूती प्रदान करता है।

व्यापक निहितार्थ

  • यह अंतर्राष्ट्रीय बाजरा वर्ष (2023) के अंतर्गत भारत के प्रयासों को बढ़ावा देगा और फसल अनुसंधान की क्षमता को प्रदर्शित करेगा।
  • यह प्रयास खाद्यान्न की बर्बादी को कम करके सतत विकास लक्ष्य (SDG-2) (भूख से मुक्ति) को बढ़ावा देगा।
  • उपज, लचीलापन एवं अनाज की गुणवत्ता में वृद्धि कर जलवायु-अनुकूल चावल उतपादन को बढ़ाने में सक्षम होंगे।

आगे की राह

  • प्रजनन कार्यक्रमों के माध्यम से उच्च उपज देने वाली चावल की किस्मों में जीन का एकीकरण
  • बड़े पैमाने पर प्रसार के लिए ICAR और अंतर्राष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थानों के साथ सहयोग
  • राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन (NFSM) जैसी योजनाओं के तहत अपनाने के लिए नीतिगत प्रोत्साहन
« »
  • SUN
  • MON
  • TUE
  • WED
  • THU
  • FRI
  • SAT
Have any Query?

Our support team will be happy to assist you!

OR