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बेन्नू क्षुदग्रह

(प्रारंभिक परीक्षा : सामान्य अध्ययन प्रश्नपत्र 1 : विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी)

चर्चा में क्यों 

हाल ही में नासा के  द्वारा ओसिरिस-रेक्स (OSIRIS-Rex) अंतरिक्ष मिशन द्वारा  बेन्नू क्षुदग्रह से लाए गए चट्टान और धूल के अध्ययन से उन अणुओं का पता चला है, जो पृथ्वी पर जीवन के लिए महत्त्वपूर्ण हैं।

बेन्नू से प्राप्त महत्त्वपूर्ण नमूने 

  • नेचर एस्ट्रोनॉमी मे प्रकाशित निष्कर्षों के अनुसार नमूनों में प्रोटीन बनाने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले 20 अमीनो एसिड में से 14 और सभी पांच न्यूक्लियोबेस मौजूद थे। 
    • ये पृथ्वी पर पाए जाने वाले सभी जीवों में DNA और RNA के महत्त्वपूर्ण आनुवंशिक घटक हैं।
  • नमूने में खनिजों और लवणों की भी पहचान की गई जिससे बेन्नू पर जल की उपस्थिति का पता चलता है। 
  • जैविक प्रक्रियाओं के लिए एक प्रमुख रसायन अमोनिया की बेन्नू पर उपस्थिति, इस सिद्धांत का समर्थन करती है कि क्षुद्रग्रहों ने पृथ्वी की उत्पत्ति के समय  जल और कार्बनिक पदार्थ पहुँचाए होंगे, जिससे संभवतः जीवन का उद्भव संभव हुआ होगा।

महत्त्व 

  • नासा के अनुसार, ये निष्कर्ष प्रारंभिक सौरमंडल मे  जीवन के उत्पत्ति के लिए आवश्यक परिस्थियों के व्यापक रूप से मौजूद होने के महत्त्वपूर्ण साक्ष्य प्रदान करते हैं।  
  • इसके अलावा ये साक्ष्य चंद्रमाएवं अन्य ग्रहों पर भी जीवन की उत्पत्ति की संभावनाओं पर प्रकाश डालते हैं। 

ओसिरिस-रेक्स (OSIRIS-Rex) अंतरिक्ष मिशन

  • पूरा नाम : ओरिजिंस, स्पेक्ट्रल इंटरप्रीटेशन, रिसोर्स आईडेंटीफिकेशन, सिक्योरिटी-रेगोलिथ एक्सफ्लोरर (Origins, Spectral Interpretation, Resource Identification, and Security – Regolith Explorer (OSIRIS-REx) 
  • प्रक्षेपण : 8 सितंबर, 2016 को नासा द्वारा फ्लोरिडा के केप केनेवरल एयरफोर्स स्टेशन से एटलस-U रॉकेट द्वारा 
  • निर्माण : लॉकहीड मार्टीन स्पेस सिस्टम्स द्वारा 
  • उद्देश्य : 
    • पृथ्वी के समीप के क्षुद्रग्रह बेन्नू से नमूने का संग्रहण एवं उनका अध्ययन करना 
    • क्षुद्रग्रह पर वातावरण और उसकी बनावट के संबंध में सटीक जानकारी एकत्र करना
  • शामिल उपकरण :
    • ओसीरिस-रेक्स लेज़र अल्टीमीटर (OLA)
    • ओसीरिस-रेक्स थर्मल एमिशन स्पेक्ट्रोमीटर (OTES)
    • ओसीरिस-रेक्स विज़िबल एंड इंफ्रारेड स्पेक्ट्रोमीटर (OVIRS)
    • ओसीरिस-रेक्स कैमरा सूट (OCAMS) 
    • रेगोलिथ, एक्स-रे इमेजिंग स्पेक्ट्रोमीटर (REXIS)
    • टच-एंड-गो सैंपल एक्विजिशन मैकेनिज्म (TAGSAM)

इसे भी जानिए

क्षुद्र ग्रह के बारे में

  • इन्हे लघु ग्रह भी कहा जाता है। 
  • ये ग्रह निर्माणकारी तत्त्वों के अवशेष हैं जिनमें जल, कार्बनिक तत्त्व, धातुएँ आदि प्राकृतिक संसाधन निहित होते हैं।
  • अधिकांश क्षुद्रग्रह मुख्यतः मंगल और बृहस्पति की कक्षाओं के बीच पाए जाते हैं 
  • अनियमित आकार के ये क्षुद्र ग्रह सूर्य की परिक्रमा दीर्घवृत्तीय कक्षा में करते हैं।
  • बेन्नू क्षुद्र ग्रह को ‘1999 RQ36’ के नाम से भी जाना जाता है।
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