Indian Polity 22-Sep-2026
व्यावसायिक कौशल को जब समय पर और किफायती वित्तपोषण मिलता है तो वे सार्थक आजीविका के अवसर पैदा कर सकते हैं। संस्थागत सहायता महत्वाकांक्षी उद्यमियों को प्रारंभिक वित्तीय बाधाओं को दूर करने, टिकाऊ उद्यम स्थापित करने और आर्थिक स्वतंत्रता की ओर बढ़ने में सक्षम बनाती है।
Indian Polity 22-Sep-2026
सुप्रीम कोर्ट ने 18 सितंबर 2026 को मेथनॉल की बिक्री और उपयोग से जुड़े महाराष्ट्र सरकार के महत्वपूर्ण नियमों पर फैसला सुनाया। अदालत ने महाराष्ट्र पॉइजन्स रूल्स, 1972 के नियम 18A और 18B के उन प्रावधानों को असंवैधानिक करार दिया, जिनके तहत मेथनॉल की बिक्री और कब्जे पर अतिरिक्त प्रतिबंध लगाए गए थे।
Indian Polity 19-Sep-2026
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संकेत दिया है कि समान नागरिक संहिता यानी यूसीसी को 2029 तक राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन यानी एनडीए द्वारा शासित सभी 21 राज्यों में लागू किया जाएगा। उत्तराखंड में जनवरी 2025 से यूसीसी लागू है, जबकि असम, गुजरात और मध्य प्रदेश की विधानसभाओं द्वारा पारित यूसीसी से संबंधित विधेयक राष्ट्रपति की मंजूरी की प्रतीक्षा में हैं।
Indian Polity 12-Sep-2026
सरकार बैंकिंग और वित्तीय क्षेत्र को मजबूत करने, कारोबार में आसानी को बढ़ावा देने और अर्थव्यवस्था की बदलती जरूरतों के अनुरूप कानूनी और नियामक व्यवस्था को आधुनिक बनाने के लिए लगातार सुधार कर रही है। बैंकिंग के तरीकों और तकनीक में तेज़ी से हो रहे बदलावों के साथ, बैंकिंग रिकॉर्ड से जुड़े कानूनों को भी इन बदलावों के अनुरूप होने की ज़रूरत है।
Indian Polity 11-Sep-2026
भारत में राजनीतिक दल लोकतंत्र के प्रमुख संस्थान हैं, जो नागरिकों को प्रतिनिधित्व देने के साथ शासन और जनता के बीच सेतु का कार्य करते हैं। छोटे एवं नए दल स्थानीय व क्षेत्रीय आकांक्षाओं को स्वर देते हैं। हालांकि, राजनीतिक दलों के वित्तपोषण में पारदर्शिता का अभाव चिंता का विषय है। हालिया बीबीसी न्यूज़ हिंदी की जाँच के अनुसार, गुजरात के छह पंजीकृत गैर-मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को 2023-24 में लगभग ₹1,700 करोड़ का चंदा मिला, जो भारतीय जनता पार्टी को छोड़कर पाँच राष्ट्रीय दलों के कुल ₹1,480 करोड़ से अधिक है। इससे राजनीतिक चंदे, कर छूट, वित्तीय पारदर्शिता और निर्वाचन आयोग की नियामकीय शक्तियों पर गंभीर सवाल उठते हैं।
Indian Polity 04-Sep-2026
हाल ही में कार्यस्थल और पेशेवर जीवन में महिलाओं के मातृत्व अधिकारों को लेकर दो महत्वपूर्ण कानूनी घटनाक्रम सामने आए हैं। एक तरफ जहां दिल्ली उच्च न्यायालय ने निजी क्षेत्र की एक महिला कर्मचारी के पक्ष में फैसला सुनाते हुए मातृत्व अवकाश के बाद उसके मूल अधिकारों और पद की सुरक्षा को सुनिश्चित किया है, वहीं दूसरी तरफ प्रसिद्ध पहलवान विनेश फोगट की याचिका ने खेल जगत में महिला एथलीटों के लिए मातृत्व सुरक्षा और एक संरचित नीति की आवश्यकता को रेखांकित किया है।
Indian Polity 27-Aug-2026
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक मुस्लिम छात्रा की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें उसने स्कूल के ड्रेस कोड के तहत कक्षा में सिर पर स्कार्फ पहनने की अनुमति दिए जाने की मांग की थी। अदालत ने स्पष्ट किया कि किसी छात्रा द्वारा कई वर्षों तक स्कार्फ पहनकर स्कूल आने से उसे भविष्य में भी ऐसा करने का कानूनी अधिकार प्राप्त नहीं हो जाता।
Indian Polity 22-Aug-2026
बुंदेलखंड लंबे समय से पानी की कमी, अनियमित वर्षा, सीमित सिंचाई सुविधाओं और भूजल स्तर में गिरावट जैसी चुनौतियों से जूझता रहा है। इन समस्याओं के समाधान और क्षेत्र के समग्र विकास के उद्देश्य से केन-बेतवा लिंक परियोजना (KBLP) को एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र से जुड़ी यह परियोजना केन नदी के पानी को बेतवा नदी के क्षेत्र तक पहुंचाने की योजना पर आधारित है।
Indian Polity 21-Aug-2026
सुप्रीम कोर्ट की नौ-न्यायाधीशों वाली संविधान पीठ ने (बैंगलोर जल आपूर्ति एवं सीवरेज ... बनाम आर. राजप्पा एवं अन्य Bangalore Water Supply & Sewerage Board v. R. Rajappa (1978) मामले में दी गई “उद्योग” (Industry) की व्यापक व्याख्या में संशोधन किया है।
Indian Polity 20-Aug-2026
भारत में विवाह केवल दो व्यक्तियों के बीच का निजी संबंध नहीं है, बल्कि यह परिवार, संपत्ति, उत्तराधिकार, सामाजिक सुरक्षा और व्यक्तिगत अधिकारों से भी जुड़ा हुआ विषय है। इसलिए जब किसी धार्मिक व्यक्तिगत कानून के तहत बहुविवाह की अनुमति और उसकी संवैधानिक वैधता पर सवाल उठता है, तो बहस केवल धर्म तक सीमित नहीं रहती। यह सवाल भी सामने आता है कि व्यक्तिगत धार्मिक स्वतंत्रता और लैंगिक समानता के बीच संतुलन कैसे कायम किया जाए।
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