Indian Polity 17-Jun-2026
तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के 20 बागी सांसदों द्वारा लोकसभा अध्यक्ष को राष्ट्रीय नागरिक पार्टी ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) में विलय की सूचना दिए जाने के बाद दल-बदल विरोधी कानून से जुड़ी संवैधानिक बहस एक बार फिर तेज हो गई है। इस घटनाक्रम ने विशेष रूप से संविधान की दसवीं अनुसूची में निहित विलय संबंधी प्रावधानों की व्याख्या को लेकर कई प्रश्न खड़े कर दिए हैं।
Indian Polity 13-Jun-2026
भारत में घटते बाल लिंगानुपात और कन्या भ्रूण हत्या की समस्या पर चिंता व्यक्त करते हुए सर्वोच्च न्यायालय ने हाल ही में पूर्व-गर्भाधान एवं प्रसवपूर्व नैदानिक तकनीक (लिंग चयन प्रतिषेध) अधिनियम, 1994 (PCPNDT Act) के सख्त क्रियान्वयन की आवश्यकता पर जोर दिया है।
Indian Polity 13-Jun-2026
अंडमान और निकोबार द्वीप समूह प्रशासन निकोबारी जनजातीय समुदाय की पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था में व्यापक बदलाव की दिशा में कदम बढ़ा रहा है।
Indian Polity 12-Jun-2026
देश की सर्वोच्च अदालत ने घरेलू कामगार महिलाओं के हक में एक युगांतकारी निर्णय सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि घर संभालने वाली महिलाओं (Homemakers) का श्रम अदृश्य जरूर है, लेकिन उसका मूल्य अमूल्य है। कोर्ट ने उन्हें राष्ट्र निर्माता का दर्जा देते हुए व्यवस्था दी है कि सड़क हादसों में होने वाली मौतों के मामलों में मुआवजे की गणना के दौरान उनके अवैतनिक घरेलू कार्यों का मूल्य न्यूनतम ₹30,000 प्रति माह आंका जाना चाहिए।
Indian Polity 12-Jun-2026
हाल ही में सर्वोच्च न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में कहा है कि जब कोई व्यक्ति संविधान के अनुच्छेद 226(1) के तहत उपलब्ध संवैधानिक उपचार (Constitutional Remedy) प्राप्त करने के लिए उच्च न्यायालय की रिट अधिकारिता का उपयोग करता है, तब ‘डॉक्ट्रिन ऑफ फोरम नॉन कन्वीनियंस’ (Doctrine of Forum Non Conveniens) का प्रयोग बहुत ही दुर्लभ परिस्थितियों में किया जाना चाहिए। न्यायालय ने यह टिप्पणी एक बर्खास्त बीएसएफ अधिकारी की अपील पर सुनवाई करते हुए की।
Indian Polity 10-Jun-2026
हाल ही में भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत की एक टिप्पणी ने व्यापक चर्चा को जन्म दिया है।
Indian Polity 08-Jun-2026
भारतीय लोकतंत्र की नींव शक्ति के पृथक्करण (Separation of Powers) के सिद्धांत पर टिकी है, जहाँ न्यायपालिका को कार्यपालिका के किसी भी हस्तक्षेप से मुक्त रखने का प्रावधान है।
Indian Polity 02-Jun-2026
हाल ही में सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि Promissory Estoppel (वचनबद्ध निरोध) के सिद्धांत का उपयोग किसी ऐसी सरकारी नीति के लाभ का दावा करने के लिए नहीं किया जा सकता, जिसका उद्देश्य कभी किसी विशेष औद्योगिक इकाई को लाभ पहुँचाना ही नहीं था।
Indian Polity 30-May-2026
भारत में मानव तस्करी लंबे समय से एक गंभीर मानवाधिकार चुनौती बनी हुई है। महिलाओं और बच्चों को शोषण के विभिन्न रूपों में धकेलने वाली यह समस्या न केवल कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती है, बल्कि संविधान द्वारा प्रदत्त गरिमा, स्वतंत्रता और समानता के मूल्यों पर भी सीधा प्रहार करती है।
Indian Polity 29-May-2026
सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court) ने एक ऐतिहासिक फैसले में बिहार में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision - SIR) करने के निर्वाचन आयोग (Election Commission) के फैसले को सही ठहराया है। अदालत ने न केवल चुनाव आयोग के इस अधिकार को बरकरार रखा, बल्कि पुनरीक्षण के लिए आयोग द्वारा अपनाई गई प्रक्रिया पर भी अपनी मुहर लगा दी है।
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