हाल ही में केंद्रीय संचार एवं उत्तर पूर्वी क्षेत्र विकास (डीओएनईआर) मंत्री ने पूर्वोत्तर पर्वतीय विश्वविद्यालय (एनईएचयू), शिलांग में इंडिया पोस्ट के 100वें एन-जेन (N-Gen) डाकघर का वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन किया। इस उन्नत सुविधा को एक आधुनिक, युवा-केंद्रित डाक केंद्र के रूप में विकसित किया गया है, जिसे विश्वविद्यालय परिसर के छात्रों, संकाय सदस्यों और निवासियों की सेवा के लिए डिजाइन किया गया है।
एन-जेन (N-Gen) डाकघर पहल के बारे में
एन-जेन (N-Gen) डाकघर पहल इंडिया पोस्ट के एक आधुनिक, युवा-केंद्रित सेवा नेटवर्क में परिवर्तन को दर्शाती है।
इन उन्नत डाकघरों को शैक्षणिक संस्थानों के भीतर स्थापित किया जा रहा है ताकि छात्रों, संकाय सदस्यों और स्थानीय निवासियों को उनकी विशिष्ट आवश्यकताओं के अनुरूप सेवाएं प्रदान की जा सकें।
यह डाक सेवाओं तथा आपस में एक-दूसरे के साथ अधिक गहन जुड़ाव को प्रोत्साहित करते हैं।
उपलब्ध सुविधाएँ
ये डाकघर मुफ्त वाई-फाई, क्यूआर कोड आधारित बुकिंग और भुगतान प्रणाली, छात्रों के लिए समर्पित सेवा काउंटर और रियायती पार्सल एवं डाक सेवाओं जैसी आधुनिक सुविधाओं को एकीकृत करते हैं।
इसके साथ ही, ये पत्र लेखन की स्थायी पुरानी परंपरा को पुनर्जीवित करने और सामुदायिक भावना को बढ़ावा देने का भी कार्य करते हैं।
इस पहल को छात्रों द्वारा व्यापक रूप से अपनाया गया है, जिनकी सक्रिय भागीदारी ने न केवल इन केंद्रों को एक नया स्वरूप दिया है, बल्कि इसे नई पीढ़ी तक पहुँचने का एक सफल और प्रभावशाली माध्यम भी बना दिया है।
एन-जेन (N-Gen) डाकघर की पहुँच
एन-जेन (N-Gen) पहल ने अब पूरे देश को कवर कर लिया है, जिसके तहत आईआईटी, आईआईएम, एनआईटी, केंद्रीय और राज्य विश्वविद्यालयों के साथ-साथ उत्तर-पूर्व के संस्थानों में भी डाकघरों का कायाकल्प किया गया है।
यह यात्रा 6 महीने पहले दिल्ली में आईआईअी हौज खास डाकघर के नवीनीकरण के साथ शुरू हुआ थी, वह अब 100वें एन-जेन डाकघर के उद्घाटन के साथ एक प्रमुख पड़ाव तक पहुँच गई है।