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मेघालय में मेनिंगोकोकल संक्रमण(meningococcal infection):- लक्षण, उपचार और रोकथाम

  • शिलांग स्थित Assam Regimental Centre (एआरसी) में प्रशिक्षण ले रहे दो अग्निवीर प्रशिक्षुओं की संदिग्ध मेनिंगोकोकल जीवाणु संक्रमण से मृत्यु के बाद मेघालय सरकार ने राज्यभर में स्वास्थ्य संबंधी परामर्श (एडवाइजरी) जारी किया है। 
  • यह संक्रमण नाइस्सेरिया मेनिंजाइटिस (Neisseria meningitides) नामक जीवाणु के कारण होता है और तेजी से फैलने वाली गंभीर बीमारी मानी जाती है।
  • 27 फरवरी 2026 को राज्य के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने औपचारिक सलाह जारी करते हुए लोगों से सतर्क रहने की अपील की।

meningococcal-infection

मेनिंगोकोकल संक्रमण(meningococcal infection) क्या है?

मेनिंगोकोकल संक्रमण Neisseria meningitidis जीवाणु के कारण होता है। यह दो गंभीर स्थितियाँ पैदा कर सकता है:

  1. मेनिन्जाइटिस – मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी को ढकने वाली झिल्लियों का संक्रमण।
  2. मेनिंगोकोकेमियारक्त में जीवाणु का संक्रमण (रक्त विषाक्तता), जो जानलेवा हो सकता है।

यह संक्रमण नजदीकी संपर्क, खांसने-छींकने या संक्रमित व्यक्ति के शारीरिक द्रवों के संपर्क से फैल सकता है।

संभावित लक्षण

मेनिंगोकोकल संक्रमण के लक्षण तेजी से गंभीर रूप ले सकते हैं। इनमें शामिल हैं:

  • अचानक तेज बुखार
  • गंभीर सिरदर्द
  • गर्दन में अकड़न
  • उल्टी
  • तेजी से फैलने वाले बैंगनी रंग के चकत्ते (जो दबाने पर सफेद नहीं पड़ते)
  • बाद के चरणों में त्वचा का पीला पड़ना
  • रक्त संचार प्रणाली का ठप्प होना
  • सदमे (Shock) की स्थिति
  • कई अंगों का काम करना बंद कर देना

उपचार और रोकथाम

  • संक्रमण की स्थिति में तत्काल अस्पताल में भर्ती और एंटीबायोटिक उपचार आवश्यक है।
  • समय पर इलाज से मृत्यु दर को काफी कम किया जा सकता है।
  • टीकाकरण (Meningococcal Vaccine) के माध्यम से इस रोग की रोकथाम संभव है, विशेषकर उच्च जोखिम वाले समूहों में।

सरकार द्वारा जारी प्रमुख निर्देश

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण आयुक्त-सचिव जोरम बेडा द्वारा 26 फरवरी को जारी “मेनिंगोकोकल रोग” संबंधी सलाह में कहा गया है कि:

  • पूर्वी खासी हिल्स जिला निगरानी इकाई ने सक्रिय महामारी विज्ञान जांच शुरू कर दी है।
  • मामलों की जांच, संपर्कों का पता लगाना (Contact Tracing), प्रयोगशाला परीक्षण और निगरानी को सुदृढ़ किया जा रहा है।
  • करीबी संपर्कों की पहचान कर उन्हें निगरानी एवं आवश्यक निवारक दवाएँ दी जा रही हैं।
  • स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है और अन्य क्षेत्रों से कोई नया संदिग्ध मामला सामने नहीं आया है।

आम जनता के लिए सावधानियां

सरकार ने नागरिकों को निम्नलिखित उपाय अपनाने की सलाह दी है:

  • भीड़भाड़ वाले स्थानों से बचें।
  • भीड़ में मास्क पहनें।
  • खांसते-छींकते समय श्वसन स्वच्छता (Respiratory Etiquette) अपनाएं।
  • नियमित रूप से साबुन या सैनिटाइजर से हाथ धोएं।
  • किसी भी संदिग्ध लक्षण की स्थिति में तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र जाएं।
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